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डॉक्टर बनकर बचाना चाहती थी दूसरों की जान, सरकार के नियमों के वजह से की खुदकुशी

हेमराज सिंह चौहान | Updated on: 2 September 2017, 14:01 IST

तमिलनाडु की एक दलित छात्रा अनीता ने डॉक्टर बनने का सपना पूरा न होने पर शुक्रवार को आत्महत्या कर ली. अनीता वही छात्रा है जो नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (NEET) के नए नियमों के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट गई थी. अनीता ने तमिलनाडु के अरियालुर में अपने घर में पंखे से लटक कर अपनी जान दे दी.

अनीता ने 22 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट के दिए गए फैसले के 9 दिन बाद खुदकुशी की है, जिसमें उसने तमिलनाडु सरकार को एमबीबीएस और बीडीएस पाठ्यक्रमों में नामांकन के लिए नीट के तहत मेडिकल काउंसलिंग कराने का निर्देश दिया था. कोर्ट ने कहा था कि काउंसलिंग प्रक्रिया 4 सितंबर तक पूरी हो जानी चाहिए.

गौरतलब है कि गरीब मजदूर की बेटी अनीता ने तमिलनाडु स्टेट बोर्ड की बारहवीं की परीक्षा में 1200 में से 1176 नंबर पाए थे. इसके आधार पर तमिलनाडु में उसका एडमिशन एमबीबीएस में हो जाता लेकिन इस साल नीट परीक्षा के चलते ऐसा संभव नहीं हुआ. नीट की परीक्षा में अनीता को केवल 86 नंबर ही मिले थे. 

मोदी सरकार ने नियमों से छूट देने से किया इनकार

आपको बता दें कि केंद्र सरकार के नए नियमों के मुताबिक एमबीबीएस और बीडीएस में दाखिल के लिए नीट क्वॉलीफाई करना ज़रूरी है, जबकि तमिलनाडु सरकार के पुराने नियमों के मुताबिक मेडिकल कॉलेज में दाखिला बारहवीं में प्राप्त अंकों के आधार पर हो जाता था.

साल 2016 में मोदी सरकार ने तमिलनाडु सरकार को नियमों में छूट दी थी पर इस साल उसने ऐसा करने से इनकार कर दिया था. दरअसल तमिलनाडु सरकार ने केंद्र सरकार से उस अध्यादेश को मंजूरी देने को कहा था, जिसमें साल 2017 में भी छात्रों को छूट देने की बात कही गई थी. जिस पर केंद्र सरकार शुरूआत में तैयार थी पर बाद में उसने इसे लौटा दिया.

सुप्रीमकोर्ट में दाखिल की याचिका

17 साल की अनीता ने अपनी याचिका में कहा था कि नीट के प्रश्नपत्र काफी कठिन और पूरी तरह सीबीएसई के पाठ्यक्रम पर आधारित थे. उसने कहा था कि नीट परीक्षा का प्रारूप राज्य के पाठ्यक्रम को पढ़ने वाले छात्रों के साथ न्याय नहीं कर रहा है. 

अनीता की मौत के बाद पूरे तमिलनाडु में शोक की लहर है. उसकी मौत के बाद वहां विरोध प्रदर्शन शुरु हो गए हैं. अनीता के पिता ने कहा कि उसने कठिन हालातों में अपनी पढ़ाई पूरी की और वो नीट को लेकर परेशान थी. उन्होंने सवाल किया कि उसकी क्या गलती थी और कौन उसकी मौत के लिए ज़िम्मेदार है.

First published: 2 September 2017, 14:01 IST
 
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