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'10 लाख रुपये का सूट और 8 लाख की साड़ी, सूट-बूट साड़ी की सरकार'

कैच ब्यूरो | Updated on: 29 August 2016, 12:02 IST
(फाइल फोटो)

केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी से जुड़ा नया विवाद सामने आया है. मानव संसाधन विकास मंत्रालय में मातहत अफसरों से टकराव के आरोपों के बाद अब कपड़ा मंत्रालय में भी एक आईएएस अफसस से तकरार के आरोप लग रहे हैं.

एक समाचार वेब पोर्टल के मुताबिक सचिव और सीनियर आईएएस रश्मि वर्मा से उनका विवाद हुआ है. जिसकी शिकायत रश्मि वर्मा ने अपने करीबी केंद्रीय सचिव से लेकर पीएम मोदी तक कर दी है. 

आठ लाख की साड़ियां खरीदी!

वेब पोर्टल के मुताबिक रश्मि वर्मा और स्मृति ईरानी के बीच विवाद की वजह है लाखों रुपये कीमत की साड़ियों के भुगतान का मामला. वेब पोर्टल के हवाले से बताया जा रहा है कि दो दिन पहले केंद्रीय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी मंत्रालय के अधीन संचालित कॉटेज इंडस्ट्री का मुआयना करने गई थीं.

इस दौरान उन्हें कुछ महंगी साड़ियां अच्छी लगीं तो उसे पैक करा लिया. साथ में एक गणेश भगवान की मूर्ति भी थी. इन सब की कीमत करीब आठ लाख रुपये बताई जाती है. 

सचिव रश्मि वर्मा से भुगतान को कहा!

वेब पोर्टल के दावे के मुताबिक स्मृति ईरानी के निजी स्टाफ ने बिल लेकर भुगतान के लिए कपड़ा मंत्रालय की सेक्रेटरी के पास भेजा. जब बिल कपड़ा मंत्रालय की सचिव रश्मि वर्मा के पास पहुंचा, तो उन्होंने साड़ियों के बिल का भुगतान करने से मना कर दिया.

समाचार पोर्टल के मुताबिक जब साड़ियों का भुगतान रुकने की बात आई, तो स्मृति नाराज हुईं. उन्होंने सचिव से कहा कि महकमे के मंत्री को अपने अधीन चल रहे संस्थान का बना कपड़ा पहनने का अधिकार है. इसके बाद दोनों पक्षों के बीच तकरार की खबर है.

ट्विटर पर टकराव

इस कथित मामले के सामने आने के बाद ट्विटर पर स्मृति ईरानी को लेकर बहस छिड़ गई. इससे पहले भी ट्विटर पर उनका कई बार विवाद हो चुका है. कभी कांग्रेस प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी से, तो कभी बिहार के शिक्षा मंत्री अशोक चौधरी के डियर कहने पर दोनों के बीच ट्विटर जंग देखने को मिली थी.

एक बार फिर ट्विटर पर स्मृति ईरानी को लेकर प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं. ट्वीट के जरिए कुछ लोग उनका विरोध कर रहे हैं, तो कुछ समर्थन में भी उतर आए हैं.  

रमनदीप सिंह ने ट्वीट किया, "8 लाख की साड़ियां...कमाल है. बिल मिल सकता है. उसमें स्वच्छ भारत सेस देखना था."

ट्विटर पर लूट की रानी स्मृति ईरानी ट्रेंड करता दिखा. राजू शर्मा नाम से ट्वीट किया गया, "लूट की रानी स्मृति ईरानी जी ने कुटीर उद्योग का निरीक्षण करते हुए कीमती साड़ी व अन्य वस्तु ली. बिल 8 लाख हुआ. बिल मंत्रालय द्वारा भरने को कहा गया."

पार्थ पटेल ने ट्वीट किया, " "प्रिय स्मृति ईरानी जी मेरे ख्याल से आपने इस साड़ी की डिमांड की होगी और आप इस साड़ी के लिए पैसे का भुगतान नहीं करना चाहती थीं."

सीमा ने ट्वीट करते हुए लिखा, "आईएएस अफसर रश्मि वर्मा को उनकी ईमानदारी और बहादुरी भरे इनकार के लिए सलाम. स्मृति ईरानी को उनसे ईमानदारी सीखनी चाहिए."

गीत वरुण नाम से ट्वीट किया गया, "टैक्स अदा करने वालों का पैसा निजी शॉपिंग के लिए नहीं है. बेईमानी!!"

वहीं रचित सेठ ने ट्वीट किया, "सूट-बूट की सरकार के बाद अब सूट-बूट साड़ी की सरकार. 10 लाख रुपये का सूट, 8 लाख की साड़ी."

वहीं इसके जवाब में ट्विटर पर जुबानी जंग छिड़ी हुई है. हैशटैग लुटेरी कांग्रेस भी ट्विटर पर ट्रेंड कर रहा है. सुभाष चौधरी ने ट्वीट किया, "कांग्रेस द्वारा किए गए घोटालों को गिनना असंभव है."

अवतार सिंह ने ट्वीट किया, "भारत में भ्रष्टाचार के सभी बड़े मामलों का श्रेय कांग्रेस को है. लुटेरी कांग्रेस ने कुछ भी नहीं कोयला, 2जी, रक्षा सौदे कुछ भी नहीं छोेड़ा. सभी मेडल कांग्रेस को."

अभिषेक मिश्रा ने ट्विटर पर लिखा, "अपनी उंगलियों पर कांग्रेस द्वारा किए गए घोटालों को गिनना नामुमकिन है."

विवेक सिंह ने हैशटैग लुटेरी कांग्रेस पर ट्वीट किया, "कांग्रेस है तो गरीबी है गरीबी है तो कांग्रेस है. आइए दोनों को एक साथ खत्म करें."

First published: 29 August 2016, 12:02 IST
 
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