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योगी सरकार ने बदल दिया डॉ. भीमराव आंबेडकर का नाम, नाम में जोड़ा 'रामजी'

कैच ब्यूरो | Updated on: 29 March 2018, 10:11 IST

यूपी की योगी सरकार ने संविधान निर्माता बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर का नाम बदल दिया है. उत्तर प्रदेश के राज्यपाल राम नाईक ने डॉ. भीमराव अंबेडकर का नाम बदलने का सुझाव दिया था, जिसे मान्यता मिल गई है. अब सभी सरकारी दस्तावेजों में भीमराव अंबेडकर के नाम में रामजी को जोड़ा जाएगा.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक राम नाईक काफी समय से सरकार को सुझाव दे रहे थे कि अंबेडकर महाराष्ट्र से ताल्लुकात रखते थे, लेकिन कभी भी उनके नाम के साथ रामजी नहीं जोड़ा गया. राम नाईक ने कहा कि बाबा साहेब अम्बेडकर का नाम जो सभी वर्तमान में लिखते हुए आए हैं वह सही नहीं है. उनका पूरा और सही नाम डॉ. भीमराव रामजी आंबेडकर है, इसलिए इसे बदलना चाहिए. राम नाईक ने कहा है कि रामजी ना जोड़कर हम बाबा साहेब का अधूरा नाम लेते आए हैं.

 

बुधवार (28 मार्च) को यूपी सरकार ने डॉ. भीमराव अंबेडकर का नाम नाम बदलकर डॉ. भीमराव रामजी आंबेडकर करने के लिए सभी विभागों और इलाहाबाद-लखनऊ की सभी हाई कोर्ट की बेंचों को आदेश जारी किया है. बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर महासभा के निदेशक डॉ. लालजी प्रसाद निर्मल का कहना है कि मुख्य बिंदु यह है कि उन्होंने संविधान का निर्माण किया है और उनके नाम का सही उच्चारण होना चाहिए.

लालजी ने कहा कि अंग्रेजी में उनके नाम की स्पेलिंग सही है, लेकिन हिंदी वाक्यों में उनके नाम को गलत तरीके से लिखा जा रहा है. उन्होंने कहा कि आंबेडकर के पिता का नाम रामजी था. महाराष्ट्र में पुरानी परंपरा के आधार पर पिता का नाम बेटे के नाम के साथ लगाया जा जाता था इसलिए रामजी नाम जोड़ा जाना चाहिए.

वहीं समाजवादी पार्टी ने योगी सरकार के इस कदम को गेम प्लान करार दिया. समाजवादी पार्टी के नेता दीपक मिश्रा ने कहा कि पिछले काफी समय से राम नाईक भीमराव के नाम को बदलने की बात कह रहे थे, लेकिन इस पर कभी गंभीरता से विचार नहीं किया गया.

उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के नाम के साथ राम जोड़कर बीजेपी हिंदुओं को लुभाने की कोशिश कर रही हैं. उन्होंने कहा कि भीमराव अम्बेडकर के नाम के साथ रामजी जोड़कर यूपी की सत्तासीन योगी सरकार नया गेम प्लान खेल रही है.

First published: 29 March 2018, 10:11 IST
 
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