Home » इंडिया » US hacker claims Gopinath Munde was murdered, 2014 polls were rigged; EC mulling legal action
 

खुलासे से भारत में हड़कंप, EVM हैक की गोपीनाथ मुंडे को थी जानकारी, हुई थी हत्या

कैच ब्यूरो | Updated on: 21 January 2019, 21:35 IST

लंदन में एक साइबर एक्सपर्ट के दावे से भारत में हड़कंप मच गया है. अमेरिका स्थित एक साइबर एक्सपर्ट ने दावा किया कि भारत में इस्तेमाल की जाने वाली इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों को हैक किया जा सकता है. एक्सपर्ट ने एक सनसनीखेज दावा किया कि बीजेपी नेता गोपीनाथ मुंडे की 2014 में हत्या की गई थी क्योंकि वह इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन को हैक करने के बारे में जानकारी रखते थे.

शुजा ने दावा किया कि उन्होंने 2009 से 2014 तक इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड के लिए काम किया था. शुजा ने दावा किया कि जब वह और उनकी टीम हैदराबाद में भाजपा नेताओं से मिलने गए थे, तो उन पर गोली चलाई गई. जबकि शुजा ने कहा कि वह घायल हो गया था, उसके सहयोगियों को मार डाला गया था. शुजा ने कहा कि उसने इसके बा भारत से अमेरिका में शरण मांगी थी. शुजा ने दावा किया कि राष्ट्रीय जांच एजेंसी के अधिकारी तंजील अहमद, जिन्होंने दावा किया था कि मुंडे की मौत की जांच कर रहे थे, ने एफआईआर दर्ज करने का फैसला किया था.

सोमवार को लंदन में चल रही हैकेथोन के दौरान साइबर एक्सपर्ट ने दावा किया कि 2014 के आम चुनावों में धांधली हुई थी. इस चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने 543 में से 282 सीटें जीतीं, पहली बार 1984 के बाद किसी एक पार्टी ने बहुमत हासिल किया था. वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए लंदन में प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए सैयद शुजा ने दावा किया कि वह दिखा सकते हैं कि कैसे वोटिंग मशीनों को हैक किया जा सकता है. ब्रीफिंग में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कपिल सिब्बल भी मौजूद थे.

 

शुजा ने दावा किया कि भारत निर्वाचन आयोग को प्रेस वार्ता में प्रतिनिधियों को भेजने के लिए कहा गया था, लेकिन मतदान संस्था का कोई भी सदस्य मौजूद नहीं था. आयोग ने इस बात से इनकार किया है कि मशीनों को हैक किया जा सकता है.

साइबर विशेषज्ञ ने दावा किया कि उनकी टीम ने 2015 के दिल्ली चुनावों के दौरान ईवीएम से निकलने वाले ट्रांसमिशन को रोकने में भी कामयाबी हासिल की थी. उन्होंने कहा कि अगर ऐसा नहीं होता तो भाजपा इन चुनावों में जीत हासिल कर लेती. आम आदमी पार्टी ने उस चुनाव में 70 में से 67 सीटें जीती थीं.

शुजा ने कहा कि भाजपा राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में जीत हासिल कर सकती है, अगर उनकी टीम ने मशीनों से आने वाले संकेतों को बाधित नहीं किया है. साइबर विशेषज्ञ ने दावा किया कि कांग्रेस, आम आदमी पार्टी, समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने भी वोटिंग मैकिंस को हैक करने में रुचि दिखाई है.

शुजा ने कहा कि वह एक प्रसिद्ध भारतीय पत्रकार से मिले थे और उन्हें ईवीएम धांधली के बारे में "पूरी कहानी बताई. साइबर विशेषज्ञ ने कहा कि यह पत्रकार टेलीविजन पर बहस के दौरान हर रात चिल्लाता है. हालांकि पत्रकार ने कहानी नहीं चलाई. शुजा ने कहा कि उन्होंने तब पत्रकार गौरी लंकेश से संपर्क किया, जो कहानी लिखने के लिए सहमत थीं, लेकिन इसके तुरंत बाद हत्या कर दी गई.

पिछले साल छत्तीसगढ़ मध्य प्रदेश और राजस्थान में विधानसभा चुनावों के दौरान वोटिंग मशीनों में खराबी की कई घटनाएं सामने आई थीं. मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा के अनुसार मतदान के दौरान इस्तेमाल की जाने वाली मशीनों में से 1% से भी कम मशीनों में खराबी है.

First published: 21 January 2019, 21:35 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी