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उत्तराखंड: शक्ति परीक्षण आज, रावत ने किया पीडीएफ के समर्थन का दावा

कैच ब्यूरो | Updated on: 10 May 2016, 13:22 IST

उत्तरांखड में आज होने वाले बहुमत परीक्षण पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं. हरीश रावत को आज विधानसभा में अपना बहुमत साबित करना है.

शक्ति परीक्षण से पहले हरीश रावत सदन में बहुमत हासिल करने को लेकर आश्वस्त नजर आए. रावत ने कहा,"भगवान केदारनाथ,गंगोत्री, यमुनोत्री और बद्रीनाथ हमारे साथ हैं. जनता-जनार्दन हमारे साथ है."

वहीं रावत ने पीडीएफ के छह विधायकों का समर्थन मिलने का दावा किया. रावत ने कहा कि सब एकजुट हैं. जो हमको सहयोग कर रहे हैं, उनका (पीडीएफ, बीएसपी, यूकेडी) आशीर्वाद भी हमारे साथ है.

32 का जादुई आंकड़ा

उत्तराखंड विधानसभा में बहुमत हासिल करने के लिए रावत को 32 विधायकों का समर्थन चाहिए. कांग्रेस के पास 27 विधायक हैं. वहीं निर्दलीय तीन, बीएसपी के दो और यूकेडी के एक विधायक वाले पीडीएफ के कुल छह विधायक हैं.

जबकि एक मनोनीत विधायक के भी वोटिंग में हिस्सा लेने की उम्मीद है. 71 सदस्यों की विधानसभा में नौ बागी विधायक पहले ही अयोग्य ठहराए जा चुके हैं, लिहाजा अब 62 सदस्य ही शक्ति परीक्षण में हिस्सा ले रहे हैं.

वहीं बीजेपी के पास कुल 28 विधायक हैं, लेकिन एक विधायक बागी होने से उसके पास 27 विधायकों का समर्थन है. हालांकि बागी विधायक को वोटिंग की इजाजत है.

सुप्रीम कोर्ट ने हरीश रावत को 10 मई को विधानसभा में बहुमत साबित करने को कहा था. साथ ही कांग्रेस के 9 बागी विधायकों को वोटिंग से दूर रखने के फैसले को भी बरकरार रखा. 

floor rawat

देहरादून में धारा 144 लागू


सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर होने वाले फ्लोर टेस्ट के लिए उत्तराखंड विधानसभा के विशेष सत्र की सभी तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं. शक्ति‍ परीक्षण के मद्देनजर राजधानी देहरादून में धारा-144 लागू है.

विधानसभा के आसपास के इलाके को रैपिड एक्शन फोर्स (आरएएफ) के हवाले कर दिया गया है. विधायकों की सुरक्षा को लेकर कोई चूक न हो इसके लिए पुख्ता इंतजाम हैं. वहीं विधानसभा परिसर में विधायकों और कर्मचारियों के अलावा किसी को प्रवेश की इजाजत नहीं है.

मोबाइल की इजाजत नहीं


यही नहीं, सभी को विधानसभा परिसर पैदल ही जाना होगा. साथ ही किसी को मोबाइल अंदर ले जाने की इजाजत भी नहीं है. विधानसभा का विशेष सत्र कई मायनों में यादगार होने वाला है.

सूबे के इतिहास में पहली बार ऐसा होगा जब विधानसभा अध्यक्ष से लेकर तमाम विधायक और विधानसभा कर्मचारी पैदल विधानसभा पहुंचेंगे. सिर्फ 2 घंटे के लिए आयोजित इस सत्र में फैसला होना है कि विधानसभा में हरीश रावत के पास बहुमत है या नहीं.

First published: 10 May 2016, 13:22 IST
 
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