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ममता बनर्जी से बातचीत को तैयार हड़ताली डॉक्टर्स, जगह बाद में तय करने की कही बात

कैच ब्यूरो | Updated on: 16 June 2019, 8:15 IST

पश्चिम बंगाल में डॉक्टर्स की हड़ताल और गतिरोध के दूर होने की उम्मीद शनिवार रात उस वक्त नजर आई जब डॉक्टर्स ने कहा कि वे सीएम ममता बनर्जी से बातचीत कर हड़ताल खत्म करने को तैयार हैं. साथ ही उन्होंने कहा है कि सीएम बनर्जी से मुलाकात की जगह बाद में तय की जाएगी.

इससे पहले शनिवार शाम को हड़ताली डॉक्टर्स ने राज्य सचिवालय में ममता बनर्जी के साथ बैठक के प्रस्ताव को ठुकरा दिया था. साथ ही ममता बनर्जी से खुली चर्चा के लिए एनआरएस मेडिकल कॉलेज अस्पताल आने को कहा था. देर रात जूनियर डॉक्टरों के संयुक्त फोरम ने प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई थी.

इस दौरान फोरम के प्रवक्ता ने कहा, “हम हमेशा से बातचीत के लिए तैयार हैं. अगर मुख्यमंत्री एक हाथ बढ़ाएंगी तो हम हमारे 10 हाथ बढ़ाएंगे. हम इस गतिरोध के खत्म होने की तत्परता से इंतजार कर रहे हैं.” प्रदर्शन कर रहे डॉक्टर्स ने कहा कि वे बैठक के लिए प्रस्तावित स्थान को लेकर अपने संगठन के फैसले का इंतजार करेंगे.

इसी के साथ पश्चिम बंगाल की विपक्षी पार्टियों ने जूनियर डॉक्टरों के विरोध प्रदर्शनों के बाद उपजी स्थिति को सुलझाने में नाकाम रही ममता बनर्जी पर जमकर हमला बोला और उनसे हड़ताली डॉक्टर्स से मांफी मांगने की बात कही. बीजेपी के साथ कांग्रेस और सीपीआई (एम) ने भी राज्य के स्वास्थ्य क्षेत्र में जारी संकट के लिए बनर्जी को जिम्मेदार ठहराया.

वहीं बीजेपी के राष्ट्रीय सचिव राहुल सिन्हा ने कहा, "वह शुरुआत से ही बहुत जिद्दी रहीं. यह उनके घमंड और अहं की वजह के चलते ही इस स्थिति ने इस तरह के संकट का रूप ले लिया. अगर वह इसे सुलझाने के प्रति गंभीर होतीं तो वह माफी मांग चुकी होतीं और डॉक्टरों की सभी मांगें मान चुकी होतीं जो उचित भी हैं.'

यह है पूरा मामला

दरअसल, बीते सोमवार को 75 साल के मोहम्मद सईद नाम के एक मरीज का एनआरएस मेडिकल कालेज अस्पताल में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया. उसके बाद सईद के परिजनों और पड़ोसियों ने दो जूनियर डॉक्टरों की पिटाई कर दी थी. उनका आरोप था कि जूनियर डॉक्टरों के गलत इंजेक्शन की वजह से ही मरीज की मौत हुई है. इस मारपीट में दो जूनियर डॉक्टरों को गहरी चोटें आई थीं. उनमें से एक को सिर में गंभीर चोट आई थी और उसका ऑपरेशन करना पड़ा. उसके बाद पश्चिम बंगाल के साथ दिल्ली और देश के कई मेडिकल कॉलेज में डॉक्टर्स ने हड़ताल शुरु कर दी.

First published: 16 June 2019, 8:11 IST
 
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