Home » इंडिया » Wreckage of Su-30 MKI jet that went missing with 2 pilots found in forest around 60 Kms from Tezpur, where it lost radar contact with base
 

IAF के लापता सुखोई-30 का मलबा चीन बॉर्डर के पास मिला

कैच ब्यूरो | Updated on: 26 May 2017, 16:34 IST
(फाइल फोटो)

मंगलवार को असम के तेजपुर से उड़ान भरने के देर बाद चीन सीमा के पास से लापता हुए भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान सुखोई-30 का मलबा मिल गया है. इस विमान पर सेना के दो पायलट सवार थे. सेना अब दो पायलटों की तलाश कर रही है. 

सुखोई-30 का मलबा उसी जगह के पास से मिला है, जहां से विमान का संपर्क टूटा था. तीन दिन पहले मंगलवार को इस एयरक्राफ्ट ने सुबह नियमित ट्रेनिंग के लिए उड़ान भरी थी, तेजपुर से 60 किलोमीटर दूर उत्तर दिशा में इसका राडार से संपर्क टूट गया. 

एयरक्राफ्ट ने मंगलवार को सुबह 10.30 बजे उड़ान भरी थी, लेकिन मंगलवार सुबह 11 बजकर 30 मिनट पर कंट्रोल रूम से संपर्क टूट गया था. उस वक्त एयरक्राफ्ट की लोकेशन असम के नॉर्थ तेजपुर की थी. इसका मलबा तेजपुर से करीब 60 किमी दूर जंगल में मिला है.

7 साल में 7 सुखोई दुर्घटनाग्रस्त

रूस से खरीदा गया सुखोई विमान वायुसेना की अग्रिम पंक्ति के लड़ाकू विमानों में से हैं. एक रिपोर्ट के मुताबिक पिछले सात साल में 7 सुखोई विमान हादसे का शिकार हो चुके हैं. करीब 358 करोड़ रुपये की लागत वाला यह विमान 4.5 जेनरेशन का विमान है और इस समय दुनिया के श्रेष्ठ लड़ाकू विमानों की श्रेणी में शामिल है.

सुखोई 30 ठंड, बारिश समेत हर तरह के मौसम में उड़ान भरने में सक्षम है. सुखोई-30 का निर्माण रूस की कंपनी सुखोई एविएशन कॉरपोरेशन ने किया है.

First published: 26 May 2017, 16:34 IST
 
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