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नगरोटा में उरी के बाद सबसे बड़ा आतंकी हमला, 2 मेजर समेत 7 जवान शहीद

कैच ब्यूरो | Updated on: 29 November 2016, 9:34 IST
(एएनआई)

जम्मू-कश्मीर के नगरोटा में आतंकियों ने सेना के कैंप पर बड़ा हमला किया है. जम्मू-श्रीनगर हाईवे के पास  हुए इस आतंकी हमले में सेना के दो मेजर समेत सात जवान शहीद हो गए. इसे 19 सितंबर के उरी हमले के बाद सबसे बड़ा आतंकी हमला माना जा रहा है. 

सेना के प्रवक्ता कर्नल मनीष मेहता ने मंगलवार शाम को इस आतंकी हमले के बारे में विस्तृत जानकारी दी. कर्नल मेहता ने बताया कि जम्मू से 20 किलोमीटर दूर नगरोटा के अलावा सांबा में भी आतंकी हमला हुआ. 

सेना के प्रवक्ता का कहना है कि दोनों जगहों पर एनकाउंटर खत्म हो चुका है. जम्मू-श्रीनगर हाईवे पर नगरोटा में सेना की यूनिट पर मंगलवार सुबह हुए आतंकी हमले में कुल सात जवानों ने शहादत दी है. 

शहीद जवानों में सेना के 2 अफसर भी शामिल हैं. महाराष्ट्र के पंढरपुर के रहने वाले मेजर कुणाल गोसावी ने शहादत देते हुए आतंकियों के नापाक मंसूबों को नाकाम कर दिया. 

सेना की वर्दी में आए 3 आतंकी ढेर

नगरोटा हमले के बारे में मीडिया से बातचीत करते हुए कर्नल मनीष मेहता ने बताया कि जवाबी कार्रवाई के दौरान हमलावर तीनों पाकिस्तानी आतंकियों को मार गिराया गया.

आतंकियों ने सुबह तकरीबन साढ़े पांच बजे सेना की यूनिट पर ग्रेनेड हमला करते हुए फायरिंग शुरू कर दी. इस दौरान आतंकियों ने ऑफिसर्स मेस पर कब्जा जमा लिया था. 

16 बंधकों को छुड़ाया गया

सेना के प्रवक्ता के मुताबिक आतंकियों ने इस दौरान दो बिल्डिंगों को अपने कब्जे में लेते हुए 16 लोगों को बंधक बना लिया. इन इमारतों में सेना के अफसरों के परिवार रहते हैं. 

आतंकियों ने 12 जवानों, दो महिलाओं और दो बच्चों को बंधक बना लिया. बंधकों को आजाद कराने के लिए चलाए गए ऑपरेशन में एक अफसर और दो जवान शहीद हो गए. सभी बंधकों को सुरक्षित छुड़ा लिया गया.

ऑफिसर्स मेस पर जमाया कब्जा

नगरोटा में सेना के कैंप में घुसे आतंकी घातक हथियारों से लैस थे. हमले के दौरान फायरिंग करते हुए आतंकी ऑफिसर्स मेस में घुसने कामयाब हो गए. 

जिन 16 लोगों को बंधक बनाया गया, उसमें सेना के एक अधिकारी की पत्नी भी शामिल थीं. इन्हीं को छुड़ाने के दौरान एक अफसर समेत तीन जवान शहीद हुए. शहीद जवानों में महाराष्ट्र के पंढरपुर के मेजर कुणाल गोसावी और नांदेड़ के लांसनायक संभाजी यशवंत कदम के साथ ही सिपाही राघवेंद्र शामिल हैं.

बाजवा के कमान संभालते ही बड़ा हमला

नगरोटा में ही भारतीय सेना के 16 कॉर्प का मुख्यालय है. यह सीमाओं की सुरक्षा और आतंकवाद के खिलाफ चलाए जाने वाले अभियानों की योजना बनाता है. खास बात ये है कि मंगलवार को ही पाकिस्तान में सेना के नए प्रमुख कमर जावेद बाजवा ने कमान संभाली है. 

रावलपिंडी में समारोह के दौरान राहिल शरीफ की मौजूदगी में बाजवा ने पाकिस्तान के 16वें सेना प्रमुख का कार्यभार संभाला. कमर बाजवा को कश्मीर और नियंत्रण रेखा (एलओसी) के हालात का एक्सपर्ट माना जाता है.  

इसके साथ ही बाजवा पाकिस्तान की 10 स्ट्राइक कोर की भी कमान संभाल चुके हैं. रक्षा विशेषज्ञ मानते हैं कि आने वाले दिनों में कश्मीर घाटी में आतंकी हमलों में और तेजी आ सकती है. वहीं राहिल शरीफ ने विदाई से पहले भारत को धमकी भरे अंदाज में कहा कि पाकिस्तान के धैर्य की परीक्षा न ली जाए.

सांबा में तीन आतंकी ढेर

इसके साथ ही सांबा सेक्टर में भी आतंकियों ने दो जगह घुसपैठ की कोशिश की. अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास रामगढ़ में आतंकियों ने भारतीय इलाके में घुसने का प्रयास किया. 

सांबा के चमलियाल में बीएसएफ के गश्ती दल को निशाना बनाया गया. सुरक्षाबल जब आतंकियों से मुकाबला करने में जुटे थे. उसी वक्त पाकिस्तान ने आतंकियों की मदद के लिए कवर फायरिंग शुरू कर दी.

हालांकि चमलियाल में मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबलों ने तीन आतंकियों को मार गिराने में कामयाबी हासिल की है. इस दौरान बीएसएफ के एक जवान के घायल होने की खबर है.

उरी हमले में 19 शहीद

इससे पहले 19 सितंबर को उरी में सेना के ब्रिगेड मुख्यालय पर आतंकियों ने हमला किया था, जिसमें सेना के 19 जवान शहीद हो गए थे.इस हमले के बाद भारत-पाक के द्विपक्षीय संबंध बेहद तनाव भरे हैं. भारतीय सेना ने 29 सितंबर को सर्जिकल स्ट्राइक को अंजाम दिया, जिसमें सात आतंकी कैंप तबाह होने की बात सामने आई थी. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सर्जिकल स्ट्राइक में 38 आतंकी मारे गए, हालांकि पाकिस्तान ने ऐसे किसी सर्जिकल हमले की बात को खारिज किया था.

फाइल फोटो
First published: 29 November 2016, 9:34 IST
 
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