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एयरसेल मैक्सिस केस : 5 जून से पहले ईडी नहीं कर सकती चिदंबरम को गिरफ्तार

कैच ब्यूरो | Updated on: 30 May 2018, 13:31 IST

एयरसेल मैक्सिस मामले में पूर्व केंद्रीय मंत्री पी चिदंबरम को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने बड़ी राहत देते हुए उनकी गिरफ़्तारी पर 5 जून तक रोक लगा दी है. इस मामले में अदालत ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से भी जवाब मांगा है. चिदंबरम को 5 जून से पहले ईडी के सामने पेश होना होगा लेकिन अदालत ने ईडी को निर्देश दिया है कि वह चिदंबरम को 5 जून से पहले गिरफ्तार नहीं कर सकती है.

इससे पहले चिदंबरम ने गिरफ़्तारी से बचने के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया था. चिदंबरम के वकील कपिल सिब्बल और अभिषेक मनु सिंघवी ने अदालत से राहत मांगते हुए कहा कि पूर्व केन्दीय मंत्री की समाज में सम्मानित पहचान है. न्यायाधीश ओपी सैनी ने चिदंबरम की याचिका पर प्रवर्तन निदेशालय से प्रतिक्रिया मांगी. प्रवर्तन निदेशालय के वकील नीतेश राणा ने अदालत ने कहा कि चिदंबरम जांच में शामिल होने से बच रहे हैं. उन्हें 30 मई को बुलाया गया था लेकिन वो अभी तक उपस्थित नहीं हुए. अब उन्हें 5 जून को फिर से बुलाया गया है.

ईडी ने अदालत से कहा कि वह अब इस मामले में 5 जून तक जवाब देंगे. एयरसेल मैक्सिस मामले में इस साल फरवरी में सीबीआई ने पी चिदंबरम के बेटे कार्ति को गिरफ्तार किया था.

गौरतलब है कि मार्च 2006 में मलेशिया की कंपनी मैक्सिस कम्यूनिकेशन ने एयरसेल में 74 फीसदी हिस्सेदारी खरीदी थी. जिसके बाद मई 2011 में एयरसेल के संस्थापक सी. शिवशंकरण ने सीबीआई में एक शिकायत दर्ज करते हुए आरोप कि उनपर शेयर मैक्सिस को बेचने का दबाव बनाया जा रहा है.

साल 2015 में सुब्रमण्यन स्वामी ने कार्ति चिदंबरम की विभिन्न कंपनियों के बीच वित्तीय लेनदेन का खुलासा किया था. स्वामी का आरोप था कि यूपीए सरकार में वित्त मंत्री रहते पी. चिदंबरम के बेटे कार्ति को एयरसेल-मैक्सिस मर्जर से फायदा पहुंचाया गया.

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First published: 30 May 2018, 13:28 IST
 
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