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MP Political crisis: सुप्रीम कोर्ट का आदेश, कमलनाथ सरकार को कल शाम पांच बजे तक करना होगा बहुमत साबित

कैच ब्यूरो | Updated on: 19 March 2020, 19:14 IST

मध्यप्रदेश का सियासी ड्रामा (MP Political crisis) अभी थमा नहीं है. गुरूवार को सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) के राजनीतिक घटनाक्रम पर बड़ा आदेश देते हुए कहा है कि राज्य की कमलनाथ सरकार (Kamalnath Government) को शुक्रवार शाम पांच बजे तक  विधानसभा में अपना बहुमत साबित करना होगा.

सुप्रीम कोर्ट ने गुरूवार को दिए अपने निर्देश में साफ किया है कि 16 विधायकों को विधानसभा में आना ही होगा, इसको लेकर विधायकों पर कोई कोई दबाव नहीं होगा. कोर्ट ने साफ किया है कि अगर विधायक आना चाहे तो उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी कर्नाटक और मध्य प्रदेश के पुलिस महानिदेशकों पर होगी. इतना ही नहीं सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया है कि सदन की कार्यवाही का वीडियोग्राफी भी कराई जाए.

इससे पहले गुरूवार को बीजेपी की याचिका पर शीर्ष कोर्ट ने लगातार दूसरे दिन सुनवाई की. दूसरे दिन अदालत ने मध्यप्रदेश विधानसभा के स्पीकर एनपी प्रजापति से पूछा कि क्या 'क्या वे वीडियो लिंक के जरिए बागी विधायकों से बात कर सकते हैं और फिर उनके बारे में फैसला कर सकते हैं?' इस पर स्पीकर की तरफ से पेश हुए वकील अभिषेक सिंघवी ने सुप्रीम कोर्ट को बताया-'नहीं, ऐसा संभव नहीं है. स्पीकर को मिले विशेषाधिकार को सुप्रीम कोर्ट भी नहीं हटा सकता.'

स्पीकर एनपी प्रजापति कोर्ट से बागी विधायकों के इस्तीफे पर विचार करने के लिए दो सप्ताह का समय मांगा जिसे कोर्ट ने यह कहते हुए खारिज कर दिया कि इतना समय देना सोने की खदान जैसा होगा, इससे हॉर्स ट्रेडिंग बढ़ेगी.

गुरूवार को अपने निर्देश में सुप्रीम कोर्ट ने साफ तौर पर कहा कि शुक्रवार को विधानसभा की कार्यवाही का एक मात्र एजेंडा फ्लोर टेस्ट करवाना होगा. शीर्ष कोर्ट ने अपने आदेश में कहा है कि सभी अधिकारी ये सुनिश्चित करें कि किसी भी तरह आदेश का उल्लंघन न हो. वहीं कोर्ट ने आदेश दिया है कि विधानसभा की कार्यवाही का लाइव प्रसारण किया जाएगा.

सुप्रीम कोर्ट का आदेश आने के बाद राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता शिवराज सिंह चौहान ने ट्विट कर लिखा,'सत्यमेव ज्यते'. शीर्ष आदालत का आदेश आने के बाद शिवराज सिंह चौहान ने इसे न्याय की जीत करार दिया है. उन्होंने कहा कि कमलनाथ सरकार को जनता की आहें लग गई हैं. बता दें, शिवराज सिंह चौहान ने ही सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाई थी और जल्द से जल्द फ्लोर टेस्ट करवाने की मांग उठाई थी.

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First published: 19 March 2020, 18:43 IST
 
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