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मुलायम सिंह: पाकिस्तान के साथ युद्ध नहीं चाहता हूं मैं

कैच ब्यूरो | Updated on: 3 November 2016, 13:50 IST
(एजेंसी)

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने गुरुवार को कहा कि वह भारत-पाकिस्तान सीमा पर बढ़ते तनाव से बेहद चिंतित हैं.

पूर्व रक्षा मंत्री मुलायम सिंह ने कहा कि वह पाकिस्तान के साथ युद्ध के बिल्कुल खिलाफ हैं. वहीं, शहीदों के बारे में सपा सुप्रीमो ने कहा कि देश के पास विश्व की सबसे शक्तिशाली सेना मौजूद है.

मुलायम सिंह ने यह बात मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के समाजवादी विकास रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने से पहले कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कही. इस मौके पर सपा के प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल यादव भी मौजूद थे.

मुलायम सिंह ने कहा, "मैं रक्षामंत्री रहा हूं. मुझे पता है कि हमारे पास विश्व की शक्तिशाली सेना मौजूद है. मैं पाकिस्तान के साथ युद्ध नहीं चाहता. सीमा पर जो जवान शहीद होते हैं, वे बहुत बहादुर होते हैं. मैं उनके माता-पिता को सलाम करता हूं. उनकी वजह से ही आज हम सुरक्षित हैं."

'विजय से विकास की ओर नाम बेहतर होता'

अखिलेश की रथयात्रा को शुभकामनाएं देते हुए मुलायम ने कहा, "अच्छी बात है कि रथयात्रा निकल रही है. मैं इस रथयात्रा को शुभकामनाएं देता हूं. लेकिन, साथ ही यह भी कहना चाहता हूं कि इस रथयात्रा का नाम उल्टा रखा गया है. इसका नाम 'विकास से विजय की ओर' होने की जगह 'विजय से विकास की ओर' होना चाहिए था. विजय शब्द को पहले रखना चाहिए था."

लखनऊ स्थित ला मार्टिनियर ग्राउंड से मुलायम ने विकास से विजय की ओर रथयात्रा को रवाना किया. मुलायम सिंह ने इस दौरान कार्यकर्ताओं को नसीहत भी दी.

उन्होंने कहा कि सिर्फ नारों से काम नहीं चलेगा. मुलायम ने कहा, "ये जवानी किसके नाम, अखिलेश भैया तेरे नाम. इस तरह के नारों से काम नहीं चलेगा. चुनाव जीतना है और सरकार बनानी है तो जमकर मेहनत करनी पड़ेगी. इसके लिए सबको तैयार रहना होगा."

'शिवपाल ने सपा को खड़ा किया'

मुलायम सिंह ने हालांकि एक बार फिर शिवपाल यादव के योगदान का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि पार्टी को खड़ा करने में शिवपाल ने जितना योगदान दिया है, उतना किसी का नहीं है. वह खुद रात को देर से आते थे और पार्टी के काम के लिए सुबह जल्दी चले जाते थे.

उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी को खड़ा करने में काफी मेहनत करनी पड़ी है. त्याग और बलिदान के बाद सपा जैसी पार्टी बनी है. समाजवादियों के इतिहास को जानना जरूरी है. पार्टी को खड़ा करने लिए आंदोलन के दौरान काफी लाठियां खाई हैं.

First published: 3 November 2016, 13:50 IST
 
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