Home » राजनीति » Opposition Presidential candidate Meira Kumar files her nomination against Ram Nath Kovind
 

'रायसीना हिल्स' की रेस: 'राम' से मुकाबले के लिए 'मीरा' ने भरा पर्चा

कैच ब्यूरो | Updated on: 28 June 2017, 16:44 IST

राष्ट्रपति चुनाव के लिए विपक्ष की उम्मीदवार मीरा कुमार ने नामांकन दाखिल कर दिया है. मीरा कुमार के नामांकन करते वक्त कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री डॉक्टर मनमोहन सिंह, एनसीपी के शरद पवार समेत तमाम विपक्षी पार्टियों के वरिष्ठ नेता मौजूद रहे. 

पूर्व लोकसभा स्पीकर मीरा कुमार को विपक्ष ने बिहार की बेटी के रूप में प्रचारित करते हुए रायसीना हिल्स की रेस में उतारा है. मीरा कुमार बिहार की सासाराम लोकसभा सीट से सांसद रह चुकी हैं. वो दलित समुदाय से ताल्लुक रखती हैं.  

'जाति को ज़मीन में गाड़ देना चाहिए'

मीरा कुमार अपना प्रचार साबरमती आश्रम से शुरू करने वाली हैं. उनके खिलाफ एनडीए के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद भी दलित समाज से हैं. हालांकि मीरा ने जाति को तवज्जो न देने की अपील की है. 

मंगलवार को मीरा ने कहा, "बहुत जगह ये चर्चा है कि दो दलित आमने-सामने हैं. हम अभी भी ये आकलन कर रहे हैं कि समाज किस तरह सोचता है. जब उच्च जाति के लोग उम्मीदवार थे, तो उनकी जाति की चर्चा नहीं होती थी. जाति को गठरी में बांधकर जमीन में गाड़ देना चाहिए, और आगे बढ़ना चाहिए."

 

अंतरात्मा की आवाज़ पर वोट की अपील

नामांकन दाखिल करने से पहले मीरा कुमार ने राजघाट पर जाकर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी. इससे पहले मीरा कुमार ने मंगलवार को एलान किया था कि वह अपना चुनाव प्रचार साबरमती आश्रम से शुरू करेंगी. मीरा कुमार ने मंगलवार को प्रेस से बातचीत करते हुए अंतरात्मा की आवाज़ पर उन्हें वोट देने की अपील की थी.

भाजपा द्वारा बिहार के पूर्व गर्वनर रामनाथ कोविंद को एनडीए का उम्मीदवार बनाया गया है. विपक्ष की और से इसके जवाब में मीरा कुमार को सर्वसम्मति से राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाने का फैसला लिया.

मीरा कुमार ने मंगलवार को अपनी प्रेस काफ्रेंस में कहा, "विपक्षी दलों की एकता जाति की जगह समान विचारधारा पर आधारित है. लोकतांत्रिक मूल्यों, पारदर्शिता, प्रेस की आजादी और गरीब का कल्याण हमारी विचारधारा के अंग हैं, इनमें मेरी गहरी आस्था है."

उन्होंने कहा कि इस चुनाव में मैं इस विचारधारा पर ही राष्ट्रपति चुनाव लडूंगी. मीरा कुमार ने कहा कि मैंने सभी निर्वाचक मंडल के सभी सदस्यों को पत्र लिखकर मेरा समर्थन करने की अपील की है, उनके सामने इतिहास रचने का अवसर है. 

मीरा की राह बहुत मुश्किल

हालांकि मीरा कुमार की राह बहुत मुश्किल है. एनडीए के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद के पास निर्वाचक मंडल के 60 फीसदी से ज्यादा वोटों का समर्थन है. टीआरएस, वाईएसआर कांग्रेस, बीजू जनता दल, एआईएडीएमके के बाद जेडीयू ने भी उन्हें समर्थन का एलान किया है.

वहीं शिवसेना ने भी दो राष्ट्रपति चुनाव के बाद एनडीए उम्मीदवार को समर्थन देने की घोषणा की है. इससे पहले शिवसेना ने 2007 में प्रतिभा देवी सिंह पाटिल और 2012 में प्रणब मुखर्जी को समर्थन दिया था. 

First published: 28 June 2017, 12:18 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी