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रामदेव: जब चाय बेचने वाला पीएम बन सकता है, तो ममता बहन क्यों नहीं बन सकती

कैच ब्यूरो | Updated on: 10 February 2017, 1:38 IST
(फाइल फोटो)

नोटबंदी के फैसले और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थक माने जाने वाले योग गुरु बाबा रामदेव ने शनिवार को मोदी की मुखर विरोधी और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की जमकर प्रशंसा की और कहा कि उनके पास प्रधानमंत्री बनने के लिए सारे गुण मौजूद हैं.

रामदेव ने कहा, "राजनीति में ममता बनर्जी की विश्वसनीयता को लेकर कोई सवाल नहीं किया जाना चाहिए. अगर एक चाय वाले का बेटा प्रधानमंत्री बन सकता है तो ममता बहन क्यों नहीं बन सकती हैं."

उन्होंने कहा, "राजनीति में ममताजी ईमानदारी और सादगी की प्रतीक हैं. मुझे उनकी सादगी बहुत अच्छी लगती है. वह चप्पल और साधारण साड़िया पहनती हैं. मैं मानता हूं कि उनके पास काला धन नहीं है."

इस पूरे वाकये में सबसे दिलचस्प बात यह है कि बाबा रामदेव मोदी सरकार के द्वारा लागू की गई नोटबंदी के मुखर समर्थक माने जाते हैं, वहीं बंगाल की सीएम ममता बनर्जी मोदी सरकार के इस फैसले का कड़ा विरोध कर रही है और इस जनविरोधी बता रही है.

रामदेव ने इंफोकॉम सेमिनार में कहा, "मैंने देश में नोटबंदी का बीज बोया था. मैंने ही 2009 से 2014 के बीच इसके लिए देशभर में आंदोलन किया. इसके बाद मैंने ही सरकार से पांच सौ रुपए तथा एक हजार रुपए के नोट वापस लेने को कहा था क्योंकि यह भ्रष्टाचार, कालाधन, आतंकवाद और आतंकवाद के वित्तपोषण का मूल कारण है."

उन्होंने दावा किया कि नोटबंदी के साथ काले धन का पैदा होना, भ्रष्टाचार तथा आतंकवाद का वित्तपोषण पूरी तरह से रुक गया है.

रामदेव ने कहा कि नकदी संकट के कारण आम आदमी को असुविधा हो रही है, लेकिन कोई भी इसके खिलाफ शिकायत नहीं कर रहा है.

इसके साथ योगगुरु ने यह भी कहा कि उनका मानना है कि पूरी तरह से ‘कैशलेस’ (नकदी रहित) प्रणाली तत्काल संभव नहीं है और इसमें कम से कम छह महीने का समय लगेगा.

First published: 4 December 2016, 12:01 IST
 
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