Home » साइंस-टेक » IT firm Microsoft acquires SwiftKey for Rs. 1702 Cr
 

माइक्रोसॉफ्ट ने 1702 करोड़ रुपये में किया स्विफ्टकी का अधिग्रहण

कैच ब्यूरो | Updated on: 10 February 2017, 1:52 IST

मोबाइल प्लेटफॉर्म पर प्रमुखता से इस्तेमाल किए जाने वाले कीबोर्ड स्विफ्टकी ऐप ने बुधवार को एक सूचना जारी कर बताया कि दिग्गज आईटी कंपनी माइक्रोसॉफ्ट ने इसका अधिग्रहण कर लिया है. रिपोर्ट के मुताबिक माइक्रोसॉफ्ट ने करीब 1702 करोड़ रुपये में स्विफ्टकी का अधिग्रहण किया है.

रिपोर्ट के मुताबिक लंदन बेस्ड स्टार्टअप कंपनी स्विफ्टकी के संस्थापक जॉन रेनॉल्ड्स और बेन मेडलॉक को इस डील के हिस्से के रूप में 139 करोड़ रुपये मिलेंगे. मालूम हो कि फिलहाल स्विफ्टकी ऐप दुनिया भर में 30 करोड़ आईओएस और एंड्रॉयड डिवाइस पर ही उपलब्ध है. जबकि विंडोज मोबाइल पर स्विफ्टकी उपलब्ध नहीं है.

एक ब्लॉग में माइक्रोसॉफ्ट ने बताया कि आने वाले कुछ महीनों में स्विफ्टकी ऐप को विंडोज वर्ड फ्लो कीबोर्ड के साथ जोड़ दिया जाएगा. हालांकि पहले की तरह स्विफ्टकी आईओएस और एंड्रॉयड प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध रहेगा.

swiftkey-microsoft.jpg

क्या है स्विफ्टकी

यह मशीन लर्निंग प्रणाली पर आधारित है. इसे ऑर्टीफीशियल इंटेलीजेंस भी कह सकते हैं. इससे यूजर्स को संभावित शब्द मुहैया कराने के साथ ही कई तरह से शब्द इनपुट करने की सहूलियत मिलती है. 

एंड्रॉयड या आईओएस यूजर्स इसे प्लेस्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं. जिसके बाद वे टेक्स्ट एंट्री के लिए इसका सेलेक्शन कर सकते हैं. 

स्विफ्टकी की खासियत इसे एक हाथ से इस्तेमाल करने की सहूलियत है. इसे यूजर्स अपने मोबाइल की स्क्रीन पर बाएं या दाएं ओर भी सेट कर सकते हैं. यह स्विफ्टकी कीबोर्ड बीते वर्ष अक्तूबर में अरैबिक, आईलैंडिक, चाइनीज, भारतीय समेत 100 भाषाओं को सपोर्ट करता था. 

पढ़ेंः फेसबुकः लाइक बटन से दिखेंगे 6 रिएक्शन, क्यों पड़ी इसकी जरूरत

पढ़ेंः 15 का हुआ विकीपीडिया: सिल्वर जुबली तक 670 करोड़ रुपये जुटाने का लक्ष्य

First published: 3 February 2016, 8:53 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी