Home » साइंस-टेक » whatsapp security flaw voice call used to inject malware
 

WhatsApp में निकली बड़ी खामी, सिर्फ एक मिस्ड कॉल से आपके मोबाइल में हो सकती है ये गड़बड़ी

कैच ब्यूरो | Updated on: 14 May 2019, 14:11 IST

फेसबुक पर डाटा लीक होने की घटना के बाद अब फेसबुक अधिकारिक कंपनी व्हाट्सऐप में भी बड़ी खामी सामने आ रही है. इस खामी के तहत अब हैकर्स Whatsapp पर किसी भी फोन के जरिए रिमोटली सेंध लगा सकते हैं. खबरों के मुताबिक, ये एक सरकारी लेवल टूल है, जो ज्यादातर सरकार को दिया जाता है.

इस सिर्योरिटी खामी का फायदा हैकर्स बहुत ही आसान तरीके से उठा सकते हैं. हैकर्स टार्गेट यूजर के स्मार्टफोन को स्पाइवेयर के जरिए इनफेक्ट कर सकते थे. इस इनफेक्ट के लिए किसी भी प्रकार के वॉयस कॉल की जरूरत नहीं होती है. हैकर्स टार्गेट यूजर के नंबर पर वॉयस कॉल करके WhatsApp की खामी का फायदा उठाते हुए उस मोबाइल में स्पाइवेयर इंस्टॉल कर सकता था.

WhatsApp की इस खामी की सबसे गंभीर बात ये है कि इसकी वजह से हैकर टार्गेट स्मार्टफोन का डायरेक्ट अपने कंट्रोल में कर सकता है. इसके लिए टार्गेट को कुछ भी करना नहीं पड़ेगा. इस वजह से है टार्गेट स्मार्टफोन के चैट्स, कैमरा, कॉल, माइक्रोफोन, फोटोजा और कॉन्टैक्ट्स सहित स्मार्टफोन में मौजूद सभी चीजों को आसानी से खोल सकता है.

इस बात की जानकारी व्हाट्सऐप द्वारा खुद ही गई है. व्हाट्सऐप ने माना कि उनकी इस खामी की वजह से WhatsApp पर सिर्फ मिस्ड कॉल करके इसे स्पाइवेयर कर इन्फेक्ट किया जा सकता है, लेकिन अब इस खामी को सही कर दिया गया है. फिलहाल व्हाट्सऐप ने दावा किया है कि इस खामी को दूर कर दिया गया है.

ये है दुनिया का सबसे सस्ता AC, गर्मी में कराएगा सर्दी का अहसास, कीमत जानकर आज ही खरीदेंगे आप

WhatsApp ने कहा, "इस खामी को कंपनी ने मई के शुरुआत में ढूंढा था और इसके लिए एडवांस्ड साइबर ऐक्टर जिम्मेदार हैं. एडवांस्ड साइबर ऐक्टर्स ने इस मैलवेयर से कितने नंबर्स को इन्फेक्ट किया है फिलहाल नहीं बताया जा सकता है." इसके साथ ही

WhatsApp ने आगे कहा, "यह अटैक इस अटैक में वो सभी हॉलमार्क हैं जो प्राइवेट कंपनी में होते हैं जो सरकार के साथ मिल कर फोन को प्रभावित करने का काम करती है."

First published: 14 May 2019, 14:11 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी