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सचिन का रिकॉर्ड तोड़ने वाले इस युवा खिलाड़ी ने डिप्रेशन के कारण छोड़ा क्रिकेट

कैच ब्यूरो | Updated on: 29 December 2017, 12:47 IST

क्रिकेट के मैदान पर अपनी बल्लेबाजी से गेंदबाजों में दहशत फैला चुके प्रणव धनावड़े आज परिस्थितियों के आगे घुटने टेक चुके हैं और क्रिकेट छोड़ दिया है. ये वही बल्लेबाज है, जिसकी कभी सचिन तेंदुलकर से तुलना हुआ थी लेकिन आज भयंकर तनाव के चलते प्रणव क्रिकेट ही खेलना छोड़ चुका है. महज 15 साल की उम्र में अंतर स्कूल टूर्नामेंट में नाबाद 1009 रन जड़ चुके प्रणव धनवाड़े क्रिकेट इतिहास में चार अंकों का स्कोर बनाने वाले दुनिया के इकलौते बल्लेबाज हैं.

प्रणव ने मुंबई क्रिकेट संघ द्वारा आयोजित भंडारी कप अंतर स्कूल टूर्नामेंट में आर्य गुरुकुल के खिलाफ केसी गांधी हायर सेकेंडरी स्कूल की तरफ से खेलते हुए महज 323 गेंदों पर 1009 का स्कोर बनाया था और इस दौरान उसका स्ट्राइक रेट 312.38 रहा था. अपनी पारी में उन्होंने 59 छक्के और 129 चौके मारे थे. प्रणव के पापा ऑटो रिक्शा ड्राइवर हैं.

दरअसल, जब प्रणव ने 1009 रन का रिकॉर्ड बनाया था तब प्रणव की बल्लेबाजी देखते हुए मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन (एमसीए) ने 10 हजार प्रतिमाह स्कॉलरशिपश देने की घोषणा की थी, ताकि वह अपनी पढ़ाई और खेल को जारी रख सके लेकिन इसके बाद खराब फॉर्म के चलते प्रणव को दरकिनार कर दिया गया.

 

इतना ही नहीं जब प्रणव के पिता प्रशांत धनावड़े ने एमसीए को स्कॉलरशिप फिर से देने हेतु लेटर लिखा तो जवाब आया कि- ‘जब प्रणव फिर से शानदार फॉर्म में होगा तो इसे जारी रखा जाएगा.’

रूठे हालात ने यहीं पर साथ नहीं छोड़ा. एआईआर इंडिया और दादर यूनियर ने भी प्रणव को अपने यहां नेट प्रेक्टिस से रोक दिया. इसके चलते गहरे अवसाद में आ चुके इस बल्लेबाज ने क्रिकेट खेलना ही छोड़ दिया.

हालांकि प्रणव के कोच मोबिन शेख का कहना है कि प्रणव को वो लगातार मोटिवेट करने की कोशिश कर रहे हैं. सुर्खियों में छाने के बाद प्रणव अपना फोकस काफी हद तक खो चुका है. लगातार आलोचना भी इसकी अहम वजह है लेकिन मुझे यकीन है कि अगले साल तक हम प्रणव के रूप में एक शानदार बल्लेबाज को देखेंगे.

First published: 29 December 2017, 12:47 IST
 
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