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नाडा: रियो ओलंपिक जाने वाले सभी भारतीय खिलाड़ी डोप मुक्त

कैच ब्यूरो | Updated on: 14 July 2016, 16:58 IST
(नाडा)

राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (नाडा) के महानिदेशक नवीन अग्रवाल ने कहा कि रियो ओलंपिक जाने वाले खिलाड़ियों का प्रतिबंधित पदार्थों का परीक्षण हो चुका है और वे डोपिंग मुक्त है.

अग्रवाल ने हालांकि स्वीकार किया कि रियो जाने वाले कुछ खिलाड़ियों के परीक्षण संबंधित कुछ मुद्दे थे क्योंकि वे अपने बताये गये स्थान पर उपलब्ध नहीं थे, जो विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी (वाडा) की डोपिंग रोधी प्रशासनिक प्रबंधन प्रणाली (एडीएएमएस) के अंतर्गत अनिवार्य है. लेकिन नाडा ने बाद में उनके परीक्षण करा लिए.

अग्रवाल पिछले महीने इस पद से जुड़े हैं, उन्होंने कहा, "रियो जाने वाले सभी एथलीटों का परीक्षण हो गया है. कुछ एथलीटों का कम से कम एक बार परीक्षण हो चुका है, कुछ का दो बार और कुछ का तीन बार परीक्षण हुआ है. कुछ एथलीटों के दूसरे मौके पर परीक्षण नहीं हो सके, क्योंकि वे विदेश में ट्रेनिंग कर रहे थे लेकिन उनका कम से कम एक बार परीक्षण हो चुका है."

उन्होंने कहा, "जो विदेश में ट्रेनिंग कर रहे थे, हमने कुछ एजेंसी को उनके विदेश में नमूने एकत्रित करने के लिये रखा और हमने इन सभी एथलीटों के नमूनों के परीक्षण कर लिये हैं."

अग्रवाल ने कहा, "मुझे पूरा भरोसा है कि रियो ओलंपिक में जाने वाले भारतीय दल द्वारा इस बार कोई डोपिंग उल्लघंन नहीं होगा. हम यह भी उम्मीद कर रहे हैं कि अन्य देशों से भी कोई डोपिंग उल्लघंन नहीं होगा. जहां तक हमारे एथलीटों की बात है तो हम काफी सख्त हैं, हम अन्य देशों से भी इसी सख्ती की उम्मीद कर रहे हैं ताकि खेलों में कोई डोपिंग नहीं हो."

गौरतलब है कि 2004 ओलंपिक में भारतीय दल को शर्मनाक परिस्थितियों का सामना करना पड़ा था, क्योंकि दो भारोत्तोलक सनामाचू चानू और प्रतिमा कुमारी प्रतिबंधित पदार्थ के परीक्षण में पॉजिटिव पाई गई थीं.

एक अन्य भारोत्तोलक मोनिका देवी को 2008 बीजिंग ओलंपिक के लिए रवाना होने से एक दिन पहले रोक दिया गया था. वैसे 2012 लंदन ओलंपिक के पहले और खेलों के दौरान इस तरह की कोई बात नहीं हुई थी.

First published: 14 July 2016, 16:58 IST
 
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