Home » खेल » Tokyo Olympics 2020: Silver medalist Mirabai Chanu appointed as Additional SP in Manipur Police
 

Tokyo Olympics में देश को सिल्वर मेडल दिलाने वाली मीराबाई चानू को बनाया गया एडिशनल एसपी

कैच ब्यूरो | Updated on: 26 July 2021, 17:53 IST
meera bai chanu (google)

Tokyo Olympics 2020: टोक्यो ओलंपिक 2020 में सिल्वर मेडल जीतकर देश का सीना गर्व से चौड़ा करने वाली मीराबाई चानू को मणिपुर पुलिस में एडिशनल एसपी के पद पर नियुक्त किया गया है. फिलहाल मीराबाई चानू देश लौट आई हैं. दिल्ली एयरपोर्ट पर उनका जोर-शोर से स्वागत किया गया. वतन वापसी के बाद उन्होंने बताया कि रियो ओलंपिक के बाद से वह कड़ी मेहनत कर रही थीं. 

मीराबाई चानू ने बताया कि उन्होंने रियो ओलंपिक में मिली हार के बाद से अभ्यास का तरीका बदल दिया था और पिछले पांच साल से टोक्यो ओलंपिक की तैयारी कर रही थीं. उनकी वतन वापसी से पहले ही मणिपुर सरकार ने बड़ा तोहफा देते हुए मणिपुर पुलिस में एडिशनल एसपी नियुक्त किया है. इसके अलावा जूडो खिलाड़ी सुशीला देवी लिकमबम को उपनिरीक्षक एसआई के पद पर पदोन्नत किया है.

 

बता दें कि टोक्यो ओलंपिक में सिल्वर मेडल जीतने वाली मीराबाई चानू को गोल्ड मेडल भी मिल सकता है. दरअसल, वेटलिफ्टिंग के 49 किलोग्राम भार वर्ग में गोल्ड जीतने वाली चीन की खिलाड़ी का डोपिंग रोधी अधिकारियों द्वारा परीक्षण किया जाएगा. इसमें वह पॉजिटव पाई जाती हैं तो भारत की मीराबाई चानू को गोल्ड मेडल दिया जाएगा.

टोक्यो ओलंपिक में शनिवार को वेटलिफ्टिंग के 49 किलोग्राम भार वर्ग में चीन की खिलाड़ी ने गोल्ड मेडल जीता था. वहीं भारत की मीराबाई चानू ने इस इवेंट का सिल्वर मेडल जीतकर टोक्यो ओलंपिक में देश को पहला पदक दिलाया था. अब स्वर्ण पदक जीतने वाली चीन की भारोत्तोलक झिहुई हाऊ का डोपिंग रोधी अधिकारियों द्वारा परीक्षण किया जाएगा.

न्यूज एजेंसी एएनआई ने सूत्रों के हवाले से बताया कि चीन की खिलाड़ी को उनके देश जाने से मना कर दिया गया है. उनसे कहा गया है कि जब तक डोपिंग टेस्ट का रिजल्ट नहीं आ जाता है. तब तक उन्हें टोक्यो में ही रुकना पड़ेगा. दूसरी तरफ भारतीय खिलाड़ी मीराबाई चानू अपने देश के लिए रवाना हो गई हैं.
 
चीन की खिलाड़ी ने 210 किलो का रिकॉर्ड भार उठाकर वेटलिफ्टिंग का गोल्ड जीता था. जबकि भारतीय खिलाड़ी को 202 किलोग्राम का भार उठाकर सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा था. नियम कहते हैं कि यदि कोई खिलाड़ी डोपिंग में फेल होता है और उसने कोई मेडल जीता है तो उसका मेडल उससे नीचे रहने वाले खिलाड़ी को दे दिया जाएगा.
 
First published: 26 July 2021, 17:48 IST
 
अगली कहानी