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भट्टा-पारसौल में राहुल को बाइक पर घुमाने वाले किसान नेता ने क्यों छोड़ी कांग्रेस?

कैच ब्यूरो | Updated on: 10 January 2017, 11:15 IST

छह साल पहले किसानों की जमीन अधिग्रहण के मुद्दे पर देश की सियासत गरमाने वाले ग्रेटर नोएडा के भट्टा पारसौल गांव से कांग्रेस के लिए बुरी खबर आई है. 2011 में किसानों के समर्थन में जब राहुल गांधी यहां पहुंचे थे, तो उनको एक शख्स ने बाइक पर बिठाकर पूरे गांव का दौरा कराया था. जी हां इस शख्स का नाम है धीरेंद्र सिंह. 

अब कांग्रेस के लिए बड़ा झटका यह है कि किसान नेता धीरेंद्र सिंह ने हाथ का साथ छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया है. किसानों और पुलिस के बीच हिंसक झड़प के बाद उस वक्त धीरेंद्र को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था. जहां एक ओर राहुल ने कुछ महीने पहले उत्तर प्रदेश में किसान यात्रा निकाली, वहीं दूसरी ओर कभी उनकी किसान सियासत के बड़े केंद्र रहे भट्टा-पारसौल के कद्दावर नेता ने पार्टी को अलविदा कह दिया है. 

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले पश्चिमी यूपी में इसे कांग्रेस के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है. धीरेंद्र सिंह ने लखनऊ में बीजेपी दफ्तर में रविवार को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य की मौजूदगी में बीजेपी की सदस्यता ग्रहण की.

पीटीआई

इस वजह से हुआ मोहभंग

अंग्रेजी अखबार मेल टुडे से बातचीत में धीरेंद्र ने आरोप लगाया कि पार्टी में कामकाज सही तरीके से नहीं हो रहा है. इसी वजह से उन्होंने कांग्रेस छोड़ी है. यही नहीं भट्टा पारसौल का यह किसान नेता कांग्रेस के चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर के कैम्पेन से भी नाराज है. 

धीरेंद्र ने अंग्रेजी अखबार से बातचीत में कहा, "पिछले 3-4 महीने से पार्टी में कोई कामकाज नहीं हो रहा है. पार्टी में जितने भी सेक्रेटरी बनाए गए हैं वे वरिष्ठ नेताओं को बस खुश करने में लगे हैं." 

किसानों की अनदेखी का आरोप

धीरेंद्र ने कहा कि इलाके के किसानों का कांग्रेस से मोहभंग हो चुका है. पहले कांग्रेस के साथ किसान इसलिए खड़े थे क्योंकि पार्टी ने उनके लिए काम किया था. धीरेंद्र ने कहा, ''हम किसानों से जुड़े मुद्दों के लिए संघर्ष करते रहे हैं. जमीन अधिग्रहण के खिलाफ आवाज उठाई. वरिष्ठ नेताओं से किसानों के मुद्दे पर बात करने की कोशिश की, लेकिन दिल्ली में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रहा है.'' 

अंग्रेजी अखबार से बातचीत में धीरेंद्र ने कहा, "प्रशांत किशोर की टीम के एक 20 साल के सदस्य ने हमें बुलाया और पूछने लगा कि देवरिया में हम बसों में कितने समर्थकों को ले जा सकते हैं. हम लोग दिल्ली से इतने करीब हैं, आखिर देवरिया 900 किलोमीटर दूर बस से कैसे जा सकते हैं. इस तरह के रवैए से दुख हुआ." 

जेवर से मिल सकता है बीजेपी का टिकट

हालांकि धीरेंद्र सिंह इसके लिए राहुल को जिम्मेदार नहीं माना. धीरेंद्र ने कहा, ''राहुल गांधी पार्टी के लिए काम कर रहे हैं, लेकिन उनके आसपास के लोग उन्हें हमेशा गलत सलाह दे रहे हैं. मैंने शनिवार को ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी को अपना इस्तीफा सौंप दिया है.'' 

माना जा रहा है कि विधानसभा चुनाव में बीजेपी अब धीरेंद्र सिंह को जेवर सीट से उतार सकती है. कांग्रेस ने अब तक जेवर से प्रत्याशी का एलान नहीं किया था. धीरेंद्र को कांग्रेस से टिकट मिलने की उम्मीद थी.

फाइल फोटो

क्या हुआ था भट्टा-पारसौल में?

10 मई 2011 को राहुल गांधी पुलिस को चकमा देते हुए ग्रेटर नोएडा के भट्टा-पारसौल गांव में पहुंच गए थे. किसान यहां एक्सप्रेसवे प्रोजेक्ट के लिए जमीन के अधिग्रहण का विरोध कर रहे थे. पुलिस और किसानों के बीच संघर्ष में यहां दो पुलिसकर्मियों और दो किसानों की मौत हुई थी. 

राहुल गांधी भट्टा-पारसौल गांव में किसानों से मुलाकात के लिए पहुंचे थे. इस दौरान गांव में किसानों की पंचायत में भी राहुल ने हिस्सा लिया था. भट्टा-पारसौल में राहुल ने किसानों के साथ 19 घंटे बिताए थे. हालांकि रात में यूपी पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था. ग्रेटर नोएडा के कासना थाने में उन्हें तीन घंटे तक हिरासत में रखने के बाद छोड़ दिया गया था. 

अखिलेश सरकार ने वापस लिए थे मुकदमे

यह घटना राष्ट्रीय मीडिया की सुर्खियों में छाई रही थी. वहीं यूपी में समाजवादी पार्टी की 2012 में सरकार बनने के बाद भट्टा तथा परसौल गांव में पुलिस के साथ हुए संघर्ष के मामले में आरोपी किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस ले लिए गए थे. अखिलेश सरकार ने मई 2011 में पिछली बसपा सरकार के कार्यकाल में दर्ज किये गये मुकदमों को वापस लेने की घोषणा पहले ही कर दी थी.

किसान संघर्ष समिति के नेतृत्व में ग्राम भट्टा व परसौल के किसानों ने मई 2011 में अपनी जमीनों का मुआवजा बढ़ाए जाने के लिए आन्दोलन किया था. ज्यादातर मुकदमे जनपद गौतमबुद्धनगर के थाना दनकौर में मानवीर सिंह तेवतिया, प्रेमवीर, काले सिंह, गजे सिंह, किरणपाल, धन सिंह और अन्य के खिलाफ दर्ज हुए थे. 

First published: 10 January 2017, 11:15 IST
 
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