Home » उत्तर प्रदेश » BSP District head suspended from Party due to Old currency exchange
 

40 फीसदी कमीशन लेकर नोट बदलने वाले बसपा जिलाध्यक्ष पार्टी से निष्कासित

कैच ब्यूरो | Updated on: 7 February 2017, 8:14 IST
(एजेंसी)

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले के बहुजन समाज पार्टी के प्रमुख वीरेंद्र जाटव को 40 फीसदी कमीशन लेकर 10 करोड़ रुपए के पुराने नोटों को बदलने के मामले में पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है.

इस मामले में बीएसपी के राष्ट्रीय महासचिव नसीमुद्दीन सिद्दकी ने यह कार्रवाई एक टीवी चैनल के स्टिंग के वायरल होने के बाद की है. वहीं दूसरी ओर यह भी कहा जा रहा है कि बसपा से वीरेंद्र जाटव का निष्कासन इस वजह से किया गया है, क्योंकि वो पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल थे.

जबकि जाटव का कहना है कि उन्हें इस मामले में फर्जी तरीके से फंसाया गया है. न उन्होंने कोई कमीशन लिया है और न ही पुराने नोटों की अदला-बदली की है.

जाटव के नोटों की अदला-बदली में शामिल होने की खबर के बाद जिले के अन्य दलों के नेताओं में भी हडक़ंप मचा हुआ है और वे इस मामले में कुछ भी खुलकर बोलने से बच रहे हैं. बताया जा रहा है कि उन नेताओं को डर है कि कहीं उनका भी न स्टिंग हो जाये.

नोटबंदी के बाद देश में जगह-जगह नई व पुरानी करंसी पकड़ी जा रही है. एक टीवी चैनल के स्टिंग ऑपरेशन में में बीएसपी के निवर्तमान जिलाध्यक्ष वीरेंद्र जाटव फंस गए. हालांकि अब निष्कासन के बाद जाटव खुद को बेकसूर बताया है.

जाटव के निष्कासन के बाद पार्टी आलाकमान ने उनकी जगह प्रेमचंद्र भारती को गाजियाबाद का नया जिलाध्यक्ष बनाया है. नये जिलाध्यक्ष प्रेमचंद्र भारती से इस प्रकरण में सवाल किया गया तो उन्होंने कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया है.

सूत्रों की मानें तो बसपा आलाकमान ने जाटव और नोटों की अदला-बदली के मामले में किसी भी तरह की टिप्पणी करने के लिए मना कर दिया है.

वहीं, सपा, कांग्रेस और बीजेपी के नेताओं को भी इसी तरह का आदेश मिला है कि वो किसी अंजान आदमी के साथ नोट बंदी और नए नोट के बदलने के मामले में किसी तरह की चर्चा न करें.

First published: 16 December 2016, 12:28 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी