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दुनिया से एक साथ विदा हुई मां-बेटी, बस में लगी आग में जिंदा जलकर हो गई थी मौत

कैच ब्यूरो | Updated on: 26 March 2019, 15:11 IST

हर मां अपने बच्चों को बहुत प्यार करती है. उन्हें खुद से कभी दूर नहीं जाने देती, लखनऊ की एक मां भी दुनिया को कुछ ऐसा ही संदेश दे गई. जो एक बस हादसे का शिकार हो गई. इस महिला की बस हादसे में मौत हो गई तो उसकी मासूम बेटी भी उसके साथ दुनिया छोड़कर चली गई. यही नहीं मां को शायद बेटी से इतना प्यार था कि जब उन्हें मौत आई तो बेटी भी उनके सीने लगकर दुनिया को अलविदा कह गई.

दरअसल, रविवार देर रात आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस वे एक एसी बस डिवाइडर से टकराकर आग के गोले में तब्दील हो गई. जिसमें चार लोगों की जलकर मौत हो गई. इस हादसे में लखनऊ की रहने वाली डॉ. ज्योति निर्वाण और उनकी 6 साल की बेटी की भी मौत हो गई. सोमवार को दोनों के शव लखनऊ के राजाजीपुरम स्थित उसने घर पहुंचे तो पूरा मौहल्ला गमगीन हो गया. हर किसी की आंख में आंसू थे.

बता दें कि रविवार रात को डॉ. ज्योति निर्वाण अपनी साल की बेटी के साथ लखनऊ जा रही थी. तभी मैनपुरी के पास उनकी बस के पीछ चल रही बस का टायर फट गया और बस ने बेकाबू होकर उनकी बस में टक्कर मार दी. टक्कर लगते ही बस डिवायर से टकरा गई और उसके एसी में आग लग गई. बस में लगी आग इतनी तेज थी किसी को बाहर निकलने का समय ही नहीं मिला.

घटना के बाद जब बस से शव निकाले गए तो डॉ. ज्योती की बेटी उनके सीने से चिपकी हुई थी और उसी स्थिति में जलकर दोनों की मौत हो गई. चिपकी हालत में ही दोनों का शव लखनऊ पहुंचा और इसी हालत में दोनों का पोस्टमॉर्टम हुआ. उसके बाद चिपकी हालत में ही दोनों का दाह संस्कार किया गया.

बता दें कि डॉ. ज्योति का पूरा परिवार डॉक्टर है. 38 साल की ज्योति लखनऊ पीजीआई में कैंसर रोग विशेषज्ञ थीं. उनके पति पति डॉ. निशांत निर्वाण आयुर्वेदिक कॉलेज में बाल रोग विशेषज्ञ हैं. निशांत के बड़े भाई डॉ अनिल निर्वाण राजभवन में डॉक्टर हैं और उनकी पत्नी डॉ विनीता रेसक्रॉस अस्पताल में स्त्री रोग विशेषज्ञ हैं.

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First published: 26 March 2019, 15:11 IST
 
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