Home » उत्तर प्रदेश » Samajwadi word to be dropped from Uttar Pradesh Govt schemes Mukhyamantri yojna to be used now
 

योगीराज में सरकारी योजनाओं से हटेगा 'समाजवादी' नाम

कैच ब्यूरो | Updated on: 7 April 2017, 10:18 IST
(ट्विटर)

अंग्रेजी के मशहूर साहित्यकार विलियम शेक्सपीयर की एक पुरानी कहावत है नाम में क्या रखा है? लेकिन ये तकिया कलाम लोकतंत्र में सरकारों के बदलने के साथ ही फिट नहीं बैठता. दरअसल सरकारें बदलने के साथ ही नाम में बहुत कुछ रखा है की तर्ज पर कसरत शुरू हो जाती है. शायद यही वजह है कि अब उत्तर प्रदेश सरकार की योजनाओं से समाजवादी शब्द को हटाया जाएगा.  

यूपी में समाजवादी पार्टी की सरकार के कार्यकाल में राज्य सरकार की कई योजनाओं के नामकरण में तत्कालीन सीएम अखिलेश यादव ने समाजवादी शब्द का इस्तेमाल किया था. लेकिन निज़ाम और इंतज़ाम बदलने के दौर में नाम भी बदलने जा रहा है. योगी आदित्यनाथ की सरकार ने फैसला किया है कि यूपी सरकार की तमाम स्कीम से समाजवादी शब्द को हटाया जाएगा. इसकी जगह मुख्यमंत्री योजना के नाम से इन योजनाओं को जाना जाएगा. यूपी के स्वास्थ्य मंत्री और राज्य सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह ने इस बारे में जानकारी दी है. 

दरअसल यूपी में अखिलेश सरकार ने कुछ योजनाओं के नाम के साथ समाजवादी शब्द का इस्तेमाल किया है. मसलन- समाजवादी किसान एवं सर्वहित बीमा योजना, समाजवादी आवास योजना, समाजवादी पेंशन योजना, समाजवादी युवा स्वरोजगार योजना और समाजवादी पौष्टिक आहार योजना.

चुनाव में समाजवादी एंबुलेंस पर तकरार

अब बीजेपी सरकार ने इन सभी योजनाओं के आगे से समाजवादी शब्द को मिटाने का निर्णय लिया है. खास तौर पर यूपी विधानसभा चुनाव के दौरान समाजवादी एंबुलेंस योजना का मामला भी चर्चा में आया था. बीजेपी ने इस शब्द पर चुनाव आयोग से आपत्ति जताई थी, जिसके बाद सभी एंबुलेंस के आगे से समाजवादी शब्द को हटा दिया गया था. 

यूपी में विधानसभा चुनाव के नतीजे 11 मार्च को आए थे, जिसमें बीजेपी ने अपने सहयोगियों के साथ 325 सीटों पर जीत हासिल की. जबकि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस गठबंधन 54 और बसपा महज 19 सीटों पर सिमट गई. 19 मार्च को योगी आदित्यनाथ ने सूबे के मुख्यमंत्री की शपथ लेते हुए कार्यभार संभाला है.

First published: 7 April 2017, 10:18 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी