Home » एन्वायरमेंट » Cyclone Gulab will strengthen after weakening significantly will take from another cyclone on 1st October
 

Cyclone Gulab: कमजोर पड़ने के बाद फिर से लौटेगा चक्रवाती तूफान गुलाब, महाराष्ट्र और गुजरात के लिए चेतावनी जारी

कैच ब्यूरो | Updated on: 30 September 2021, 9:58 IST
(File Photo)

Cyclone Gulab: बंगाल की खाड़ी से पिछले हफ्ते उठा चक्रवाती तूफान गुलाब अब कमजोर पड़ चुका है लेकिन खतरा अभी भी टला नहीं है. क्योंकि चक्रवात गुलाब अब दूसरे रूप में महाराष्ट्र और गुजरात के तटों की ओर बढ़ रहा है. जिसे शाहीन नाम दिया गया है. बता दें कि चक्रवात गुलाब के बाकी हिस्से के 30 सितंबर को अरब सागर में प्रवेश करने की संभावना है. इसके साथ ही ये मजबूत होकर चक्रवाती तूफान शाहीन के रूप में पाकिस्तान की ओर बढ़ सकता है. मौसम विभाग के मुताबिक, गुलाब चक्रवात के इस बाकी हिस्से के चलते गुजरात के कई हिस्सों में बारिश होने के आसार हैं. भारत मौसम विज्ञान विभाग के मुताबिक, बुधवार को निम्न दबाव का क्षेत्र -चक्रवात गुलाब का बाकी हिस्सा- दक्षिण गुजरात क्षेत्र एवं आसपास की खंभात की खाड़ी के ऊपर बना.

मौसम विभाग का कहना है कि, इस बात की बड़ी संभावना है कि यह पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर बढेगा एवं उत्तरपूर्व अरब सागर में उभरकर कल तक गहरे दबाव में बदलकर मजबूत हो जाएगा. उसके बाद उसके पश्चिम और पश्चिम-उत्तरपश्चिम की ओर बढ़ने एवं अगले 24 घंटे में चक्रवाती तूफान का रूप लेने की प्रबल संभावना है. उसके बाद वह भारतीय तट से दूर पाकिस्तान के मकरान तटों से टकरा सकता है.


इसके साथ ही मौसम विभाग ने गुजरात में सौराष्ट्र और कच्छ में कुछ स्थानों पर हल्की, मध्यम से लेकर भारी तथा छिटपुट स्थानों पर भीषण बारिश होने की संभावना भी जताई है. साथ ही गुजरात के अन्य क्षेत्र, दमन दीव, दादर एवं नागर हवेली में मूसलाधार एवं कुछ स्थानों पर भीषण बारिश होने के आसार हैं. उत्तरी कोंकण में छिटपुट स्थानों पर भीषण बारिश होने की संभावना बनी हुई है. बता दें कि देश के पूर्वी तट पर दस्तक देने वाले चक्रवात गुलाब के असर से मध्य महाराष्ट्र में भारी बारिश को देखते हुए आईएमडी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि यह विरल मामला है और मौसम प्रणाली एक और चक्रवाती तूफान को जन्म दे सकती है.

बता दें कि चक्रवात ‘कम दबाव के क्षेत्र’ से शुरू होता है और चक्रवात प्रणाली के तट से टकराते ही इसकी तीव्रता कम हो जाती है क्योंकि नमी की मात्रा कम हो जाती है. सरकार ने कहा कि चक्रवात गुलाब पूर्वी तट पर श्रीकाकुलम और विशाखापत्तनम के बीच तट से टकराया और पश्चिम की तरफ बढ़ते हुए महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और गुजरात में पिछले तीन दिनों में इसके कारण भारी बारिश हुई.

Petrol Diesel Price: पेट्रोल-डीजल की कीमतों में फिर लगी आग, आज इतने बढ़े तेल के दाम

विभाग का कहना है कि मौसम प्रणाली में कुछ नमी आई और यह अरब सागर की तरफ बढ़ गई और यह सौराष्ट्र क्षेत्र से वापस लौट सकती है. ज्यादा नमी होने से यह कम दबाव से गहरे दबाव और फिर चक्रवात में तब्दील हो सकती है. अगर यह नए चक्रवात में तब्दील होता है तो इसका नाम ‘शाहीन’ होगा.

पश्चिम बंगाल: भबानीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए मतदान जारी, ममता और प्रियंका के बीच कड़ी टक्कर

First published: 30 September 2021, 9:58 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी